समुद्र की रोचक जानकारियाँ | Samudra Ke Baare Me rochak Jankari

नमस्कार मित्रों, उम्मीद है आप लोगों को हमारे लेख पसंद आते होंगे। हमारी यही कोशिश रहती है कि आप लोगों के लिए मनोरंजक और रोचक जानकारियों वाले लेख लिख सकें। आप लोगों को वो चीजें मुहैया करवा सकें जो और कहीं नहीं मिलती। इसी दिशा में कदम बढ़ाते हुए आज हम आपके लिए समुद्र की रोचक जानकारियाँ लाये हैं।

पढ़ना नहीं चाहते तो विडियो देखे
https://open.spotify.com/episode/6hOr3uvBpdvSce4SuKO75J
पढ़ना नहीं है विडियो नहीं देखना तो ऑडियो सुने

वैसे तो आप लोगों ने समुद्र के बारे में पढ़ा ही होगा। लेकिन जो जानकारी हम आपको देने वाले हैं वो शायद ही आपने कहीं पढ़ी हो। आइये जाने समुद्र के बारे में कुछ रोचक और दिलचस्प जानकारी :

समुद्र की रोचक जानकारियाँ

समुद्र की रोचक जानकारियाँ

1. समुद्र के वैज्ञानिक अध्ययन जिसे समुद्र-विज्ञान कहते हैं की शुरुआत कप्तान जेम्स कुक द्वारा 1768 और 1779 के बीच प्रशांत महासागर के अन्वेषण के लिए की गयीं समुद्री यात्राओं से हुई।

2. समुद्र पृथ्वी की सतह के 70 प्रतिशत से अधिक क्षेत्र में फैला हुआ है।

3. समुद्र के पानी की विशेषता इसका खारा या नमकीन होना है। पानी को यह खारापन मुख्य रूप से ठोस सोडियम क्लोराइड द्वारा मिलता है, लेकिन पानी में पोटेशियम और मैग्नीशियम के क्लोराइड के अतिरिक्त विभिन्न रासायनिक तत्व भी होते हैं जिनका मिश्रण पूरे विश्व में फैले विभिन्न सागरों में बमुश्किल बदलता है।

4. समुद्र में लहरें पृथ्वी के घूमने के कारण उठती हैं, जबकि समुद्र के पानी पर चंद्रमा और सूर्य की गुरुत्वाकर्षण शक्ति काम करता है।

5. हिन्दू शास्त्रों में समुद्र को 7 भागों में बांटा गया है- लवण का सागर, इक्षुरस का सागर, सुरा का सागर, घृत का सागर, दधि का सागर, क्षीर का सागर और मीठे जल का सागर।

6. वैज्ञानिकों का अनुमान है कि समुद्र का जन्म आज से लगभग पचास करोड़ से 100 करोड़ वर्षों के बीच हुआ होगा है।

7. समुद्र में इतना नमक है कि अगर सारा पानी सूख जाए तो पूरी धरती पर 500फ़ीट मोटी नमक की परत फैलाई जा सकती है।

8. सबसे गरम महासागर हिंद महासागर है। इसके सतह के पानी का तापमान कभी-कभी 36.6 डिग्री को छू लेता है।

9. आप जानते हैं कि प्रशांत महासागर में “प्रशांत” का अर्थ है “शांतिपूर्ण”. असल में जब लोगों ने पहली बार इसे देखा तो बहुत शांत पाया और इसे “प्रशांत” नाम दिया।

10. सुनामी एक जापानी शब्द है  जिसका अर्थ है :- ऊँची समुद्री लहरें।

jalpari- samudri jeev ke kankal

11. क्या सचमुच समुद्र में मत्स्य मानव, नाग कन्या या जलपरियां रहती है। दुनियाभर की लोककथाओं में इन जलपरियों के बारे में बहुत-सी कथाएं पढ़ने को मिलती है। कहते हैं कि कुंति पुत्र अर्जुन की एक पत्नी जलपरी ही थी। कुछ वर्ष पूर्व अमेरिकी महासागर में एक इसी तरह की मत्स्य कन्या पाई गई थी हालांकि उसे निकालने के पूर्व ही वह दहशत के कारण मर गई थीं। अखबारों में इसके चित्र भी छपे थे। हालांकि यह खबर कितनी सच थी यह कोई नहीं जानता।

12. संयुक्त राज्य अमेरिका का (उनकी पूरी कानूनी अधिकार क्षेत्र के अनुसार ,जिसमें महासागरीय क्षेत्र शामिल है।) पचास प्रतिशत महासागर के नीचे स्थित है।

13. अटलांटिक समुद्र में एक ऐसी जगह है जिसे बरमूडा त्रिभुज कहा जाता है। पिछले 100 वर्षों में बरमूडा त्रिभुज में लोगों की मान्यताओं के अनुसार असाधारण रूप से ज्यादा संख्या में वायुयान और जलयान रहस्यमय रूप से कोई सुराग न छोड़ते हुए अदृश्य हुए हैं।

14. जीवन के उत्पत्ति के लिए सबसे ज्यादा मान्य वैज्ञानिक सिद्धांत के अनुसार पृथ्वी में जीवन की उत्पत्ति सबसे पहले महासागर में ही हुई थी।

15. समुद्र के एक लीटर पानी के 13 बिलियन हिस्से में एक ग्राम सोना मिला रहता है।

क्पलिक करें और पढ़ें कुछ और रोचक जानकारियां :-

समुद्र के अंदर ऐसे ही और कई राज दफ़्न हैं जिनके बारे में समय-समय पर खोजबीन होती रहती है। आशा करते हैं की आपको ये लेख समुद्र की रोचक जानकारियाँ भी पसंद आया होगा। हम भविष्य में भी इस तरह की जानकारियां आप तक पहुँचाते रहेंगे। आप अपने विचार कमेंट बॉक्स में जरूर लिखें जिस से हमें और लिखने के लिए प्रोत्साहन मिले।

आगे क्या है आपके लिए:

24 Comments

  1. Avatar Nandini
  2. Avatar Anita gond
  3. Avatar Ramesh Vaylon sindhari charnan
  4. Avatar Sandeep chauhan
  5. Avatar Ramesh kumar
  6. Avatar pyush kumar
    • Sandeep Kumar Singh Sandeep Kumar Singh
  7. Avatar VINAY KUMAR
  8. Avatar VINAY KUMAR
  9. Avatar Raja
  10. Avatar dheeraj
  11. Avatar Avi

Add Comment

Safalta, Kamyabi par Badhai Sandesh Card Sanskrit Bhasha ka Mahatva in Hindi Surya Ke Bare Mein Jankari | Surya Ka Tapman Vyas Prithvi Se Doori 25 Famous Deshbhakti Naare and Slogan आधुनिक महापुरुषों के गुरु कौन थे?